11 Jul 2020, 04:41:55 के समाचार About us Android App Advertisement Contact us app facebook twitter android
news » National

विदेश से आने वाले श्रमिकों को देश में मिलेगा रोजगार : पांडेय

By Dabangdunia News Service | Publish Date: Jun 4 2020 12:29AM | Updated Date: Jun 4 2020 12:29AM
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

नई दिल्ली। सरकार ने विदेशों वापस आने वाले श्रमिकों और देश से अपने गृह राज्यों को लौट चुके श्रमिकों को उनके घर के पास ही नौकरी उपलब्ध कराने की योजना पर कार्य कर रही है। केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमशीलता मंत्री महेंद्र नाथ पांडेय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के लिए सरकार हरसंभव कोशिश कर रही है। पांडेय ने कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में अपना योगदान दे रही स्किल इंडिया से जुड़ी इकाइयों के सहयोग तथा उनकी योजनाओं के प्रगति कार्य एवं इस वैश्विक महामारी के बाद की कार्ययोजनाओं को लेकर समीक्षा बैठक मंगलवार की।
 
इस दौरान उन्होंने मंत्रालय केवरिष्ठ अधिकारियों के साथ कोविड-19 की रोकथाम एवं संकट काल में देश के प्रवासी श्रमिकों समेत वंदे भारत मिशन के तहत विदेशों से आ रहे कामगारों के लिए शुरू की जा रही परियोजनाओं एवं विभिन्न पहलों पर विस्तृत चर्चा की।  पांडेय ने कहा ‘‘ हम अपने स्किल इंडिया मिशन की सहायता से देश भर में आर्थिक गतिविधियों को चलाने हेतु कुशल श्रमबल उपलब्ध कराने की दिशा में पूरी प्रतिबद्धता एवं कर्त्तव्यनिष्ठा के साथ कार्य कर रहे हैं।
 
चूंकि देश इस समय कोरोना के मुश्किल दौर से गुजर रहा है, इसलिए इस चुनौतीपूर्ण समय में हम सभी को संयम औरसावधानी के साथ आगे आकर एक दूसरे का समर्थन करने की आवश्यकता है, ताकि हम कंधे से कंधा मिलाकर इन विषम परिस्थितियों का सामना करने के लिए सक्षम हो सकें। इसके साथ ही मैंने सभी विभागों को प्रशिक्षण के पैमाने को बढ़ाने के लिए डिजिटल प्रौद्योगिकी और ऑॅनलाइन पाठ्यक्रमों का उपयोग करने एवं राज्य के संबंधित अधिकारियों एवं राज्य कौशल निगमों को एक साथ मिलकर काम करने के निर्देश दिए हैं, ताकि स्थानीय स्तर पर श्रमिकों की स्किल मैंिपग, उत्थान और रोजगार से संबंधित सहायता सुनिश्चित की जा सके।
 
यहीं नहीं हम प्रधानमंत्री जी के ‘‘वोकल फॉर लोकल’’ के संदेश पर अमल करते हुए श्रमिकों को उनके आवासों के पास ही रोजगार के ऐसे अवसर उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जिससे न सिर्फ इन श्रमिकों कि बल्कि घरेलु अर्थवयवस्था को भी एक नई गति मिल सकें। हमारा ध्यान लोकल उत्पादों पर रहेगा, ताकि उन्हें अधिक से अधिक प्रचारित कर एक स्वस्थप्रतियोगिता में लाया जा सकें। मुझे पूरी उम्मीद है कि आने वाले सालों में हम अपने स्किल वर्कफोर्स की मदद से एक अर्थ जगत में एक नई क्रांति लेकर आयेंगे।’’
 
उन्होंने बताया कि हम न सिर्फ देश के श्रमिकों बल्कि वंदे भारत मिशन के द्वारा विदेशों से वापस आ रहे नागरिकों की ट्रेनिंग और रोजगार से जुड़े मुद्दों पर भी ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। साथ ही वापस आने वाले नागरिकों की ‘‘स्वदेश’’ यानी कि स्किल्ड वर्कर्स अराइवल डेटाबेस फॉर एम्प्लॉयमेंट सपोर्ट कार्ड के माध्यम से स्किल मैंिपग की जानी है।इसके लिए हम उड्डयन मंत्रालय एवं विदेश मंत्रालय के साथ सामंजस्य स्थापित कर कार्य कर रहे हैं।
 
इसके अलावा, मंत्रालय से सम्बद्ध संस्थानों से शिक्षण एवं ट्रेनिंग प्राप्त कर रहे छात्रों को किसी भी प्रकार की कठिनाइयों का सामना न करना पड़े, इसके लिए हमने कई पहल शुरू की थीं। बैठक में इन पहलों के क्रियान्वन से जुड़े मुद्दों पर भी विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने बताया कि हमेशा से हमारा मुख्य फोकस उद्यमशीलता ही रहा है, और आज इस संकट की घड़ी में भी हम युवाओं को इस दिशा में आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह प्रयासरत हैं।
 
हमें भली भांति ज्ञात है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के सपने को पूरा करने के लिए युवाओं में उद्यमशीलता की भावना जागृत करना बहुत ज़रूरी है। क्योंकि आज का युवा अगर नौकरी के पीछे न भागते हुए, इसकी जगह यदि नौकरियों का सृजन करने वाला बनेगा तो हम जल्द ही आत्मनिर्भर भारत अभियान के लक्ष्य को प्राप्त करेंगे।
 
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

More News »