18 Aug 2019, 06:05:14 के समाचार About us Android App Advertisement Contact us app facebook twitter android
State

सैफई मेडिकल यूनीवर्सिटी में कोलेडोकल सिस्ट की सफल सर्जरी

By Dabangdunia News Service | Publish Date: May 25 2019 7:06PM | Updated Date: May 25 2019 7:06PM
  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

इटावा। उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में स्थित सैफई मेडिकल यूनीवसिर्टी के सर्जरी विभाग में जटिल  कोलेडोकल सिस्ट की दूरबीन  विधि से सफल सर्जरी की गयी । सैफई मेडिकल यूनीवर्सिटी के वाइस चासंलर प्रो.राजकुमार ने शनिवार को बताया कि कोलेडोकल सिस्ट से पीडित फिरोजाबाद की 22 वर्षीय सीमा को गंभीर पेट दर्द की शिकायत होने पर विश्वविद्यालय के सर्जरी विभाग में भर्ती किया गया था। उनकी प्रमुख जांच के बाद सर्जरी विभाग के डा. विपिन गुप्ता ने पीडिता का सफल आरपेश किया। डा विपिन गुप्ता ने बताया कि सीमा का जटिल कोलेडोकल सिस्ट यानि बाईल नलिका के सिस्ट का दूरबीन विधि से आपरेशन किया गया। यह सुविधा अभी देश-प्रदेश के कुछ गिने चुने चिकित्सा संस्थानों में ही उपलब्ध है । उन्होंने बताया कि आपरेशन के बाद वह पूरी तरह ठीक है और जल्द उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी जायेगी। डा. विपिन ने बताया कि कोलेडोकल सिस्ट एक जटिल तथा गम्भीर बीमारी है ।

इसके  लक्षणों में पेट में गम्भीर दर्द, मतली, बुखार तथा पित्त नलिकाओं में बाधा हो सकती है । उन्होंने यह भी बताया कि कभी-कभी  कोलेडोकल सिस्ट का कोई शारीरिक लक्षण मरीज में नहीं परिलक्षित नहीं होता। सर्जरी  विभाग के विभागाध्यक्ष डा. एस पी सिंह ने बताया कि कोलेडोकल सिस्ट  किसी भी उम्र में किसी भी व्यक्ति को हो सकता है। इसकी जांच के लिए पेट का अल्ट्रसाउंड या सीटी स्कैन किया जाता है।  उन्होंने बताया कि यदि पित्ताशय की थैली और सामान्य पित्त नली के बीच अवरोध  होता है, तो व्यक्ति को कोलेडोकल सिस्ट का खतरा होता है। उन्होंने बताया कि यह पित्ताशय थैली की सूजन है जो गंभीर संक्रमण या पित्ताशय की थैली के टूटने का कारण  बन सकती है। कोलेडोकल सिस्ट की इन दोनों जटिलताओं में पित्ताशय की थैली को हटाने के लिए आपातकालीन सर्जरी की आवश्यकता होती है।

  • facebook
  • twitter
  • googleplus
  • linkedin

More News »